Saturday, December 3, 2022

कश्मीर में हो रही पंडितों की हत्या, सरकार खामोश, विरोध प्रदर्शन के बाद कल से शुरू करेंगे सामूहिक पलायन

कश्मीर में चल रही टारगेट किलिंग के कारण वह रह रहे कश्मीरी पंडितों में भय का माहौल है। पिछले कुछ हफ्तों से एक के बाद एक हत्या की वारदात सामने आ रही है। गुरुवार को आतंकियों ने एक हिंदू बैंक मैनेजर को गोलियों से भून दिया। घाटी में इससे पहले भी कई लोगों की टारगेट किलिंग की गई। इन सब घटनाओं से डरे अब कश्मीरी पंडितों ने घाटी से सामूहिक पलायन करने का ऐलान किया है। कल (3 जून) कश्मीरी पंडित घाटी से एक साथ पलायन करेंगे।

इससे पहले कश्मीरी पंडितों ने घाटी में हो रही हत्यों को लेकर आपात बैठक बुलाई। बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। कश्मीरी पंडितों ने घाटी में चल रहे प्रदर्शनों को तत्काल बंद करने का ऐलान किया है। इसके साथ ही कश्मीरी पंडितों ने कश्मीर से पलायन करने का भी ऐलान कर दिया है। उनका कहना है कि अब कश्मीर में रह रहे अल्पसंख्यकों के सामने कोई और विकल्प नहीं बचा है। इसलिए उन्हें पलायन करना होगा। बैठक में सभी लोगों से बनिहाल की नवयुग सुरंग के पास इकट्ठा होने के लिए कहा गया है।

गौरतलब है कि घाटी में रह रहे कश्मीरी पंडित पिछले 22 दिनों से सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि उन्हें घाटी से सुरक्षित निकाला जाए। पिछले कई दिनों से घाटी से टारगेट किलिंग खबरें आ रही हैं। आज ही आतंकियों ने कुलगाम में एक बैंक मैनेजर पर फायरिंग की। इस हमले में बैंक मैनेजर विजय कुमार की मौत हो गई। इससे पहले 31 मई को कुलगाम में आतंकियों ने महिला टीचर रजनीबाला की गोली मारकर हत्या कर दी थी। वहीं 12 मई को जम्मू कश्मीर के बडगाम में आतंकियों ने राजस्व विभाग के एक अधिकारी को गोली मारी। तहसील ऑफिस में घुसकर आतंकियों ने राहुल भट्ट नाम के अधिकारी को निशाना बनाया था। राहुल की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।

ताजा समाचार

Related Articles